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First day of navratri


'First day of navratri' - 3 न्यूज़ रिजल्ट्स

  • Chaitra Navratri 2019: 6 अप्रैल से शुरू हो रही है चैत्र नवरात्रि और गुड़ी पड़वा, जानिए शुभ मुहूर्त

    Chaitra Navratri 2019: 6 अप्रैल से शुरू हो रही है चैत्र नवरात्रि और गुड़ी पड़वा, जानिए शुभ मुहूर्त

    Chaitra Navratri 2019: चैत्र नवरात्रि 2019 कब है? अगर आप भी इसी सवाल का जवाब तलाश रहे हैं तो हम आपको बता दें कि भारतीय पंचांग के अनुसार चैत्र माह के शुक्ल प्रतिपदा को नया साल शुरू होता है, इसी दिन को नववर्षोत्सव कहा जाता है. महाराष्ट्र और कोंकण में इसे गुड़ी पड़वा (Gudi Padwa or Samvatsar Padvo), संवतसारा या संवत (Samvatsara) भी कहा जाता है. वहीं दक्षिण भारत में उगाडी (Ugadi 2019) के नाम से जाना जाता है. यह दिन इस साल 6 अप्रैल के दिन होगा. और इसी दिन से चैत्र नवरात्रि का पहला नवरात्र शुरू होता है. अगर आप सोच रहे हैं कि चैत्र नवरात्रि 2019 (Chaitra Navratri 2019) में कब से हैं, तो बता दें कि इसी दिन से चैत्र नवरात्रि (First day of Navratri) का पहला दिन शुरू होता है.

  • Gudi Padwa 2019: कब है गुड़ी पड़वा, क्यों मनाते हैं, महत्व और पुरन पोली बनाने की विधि

    Gudi Padwa 2019: कब है गुड़ी पड़वा, क्यों मनाते हैं, महत्व और पुरन पोली बनाने की विधि

    Happy Gudi Padwa, हैप्पी न्यू ईयर... महाराष्ट्र और कोंकण में इसे गुड़ी पड़वा (Gudi Padwa or Samvatsar Padvo) के नाम से मनाया जाता है. इसे संवतसारा या संवत (Samvatsara) भी कहा जाता है. वहीं दक्षिण भारत में उगाडी (Ugadi 2019) के नाम से इस दिन को सेलिब्रेट किया जाता है. अगर आप सोच रहे हैं कि चैत्र नवरात्रि 2019 (Chaitra Navratri 2019) में कब से हैं, तो बता दें कि इसी दिन से चैत्र नवरात्रि (First day of Navratri) का पहला दिन शुरू होता है. चैत्र नवरात्रि 2019 (Chaitra Navratri 2019) में नौ दिनों तक मां दुर्गा के नौ रूपों की पूजा की जाती है और अपनी अपनी परंपरा के तहत लोग आष्ठमी या नवमी के दिन पूजा कर राम नवमी मनाते हैं. 

  • Navratri 2018: नवरात्रि के पहले दिन ऐसे करें मां शैल पुत्री की पूजा, जानिए मंत्र, कवच और स्तोत्र पाठ

    Navratri 2018: नवरात्रि के पहले दिन ऐसे करें मां शैल पुत्री की पूजा, जानिए मंत्र, कवच और  स्तोत्र पाठ

    मां शैलपुत्री को करुणा और ममता की देवी माना जाता है.  शैलपुत्री प्रकृति की भी देवी हैं. उनके दाहिने हाथ में त्रिशूल और बाएं हाथ में कमल का फूल है. शैलपुत्री का वाहन वृषभ है. 

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