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'Hearing' - 234 न्यूज़ रिजल्ट्स

  • Ayodhya Case: जौनपुर के रहने वाले हैं जस्टिस अशोक भूषण, जानिए संविधान पीठ में शामिल जजों के बारे में

    Ayodhya Case: जौनपुर के रहने वाले हैं  जस्टिस अशोक भूषण, जानिए संविधान पीठ में शामिल जजों के बारे में

    अयोध्या में राम जन्मभूमि और बाबरी मस्जिद के ज़मीन विवाद पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई बुधवार को पूरी हो चुकी है. इस पर 17 नंवबर से पहले फ़ैसला सुनाया जा सकता है क्योंकि इसी तारीख को सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई रिटायर हो रहे हैं. प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई की अगुवाई में 5 जजों की संविधान पीठ इस मामले ने लगातार 40 दिन तक सुनवाई की है. इस बेंच में CJI रंजन गोगाई  के अलावा जस्टिस एसए बोबडे, जस्टिस डीवाय चंद्रचूड़, जस्टिस अशोक भूषण और जस्टिस  एसए नज़ीर शामिल हैं. यह संविधान पीठ इलाहाबाद हाइकोर्ट के 2010 में दिए गए उस फ़ैसले को  चुनौती देने वाली याचिकाओं की सुनवाई कर रही थी.

  • Ayodhya Case: सुप्रीम कोर्ट में पूरी हुई अयोध्या मामले की सुनवाई, अब फैसले का इंतजार

    Ayodhya Case: सुप्रीम कोर्ट में पूरी हुई अयोध्या मामले की सुनवाई, अब फैसले का इंतजार

    Ayodhya verdict today:  सुप्रीम कोर्ट ने राजनीतिक रूप से संवेदनशील अयोध्या में राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद भूमि विवाद मामले की सुनवाई पूरी कर ली, फैसला नवंबर महीने में सुनाया जाएगा. CJI रंजन गोगोई की अगुवाई वाली पांच जंजों की बेंच ने इस मामले में 40 दिन तक सुनवाई करने के बाद दलीलें पूरी कर लीं

  • TOP 5 NEWS: सुप्रीम कोर्ट में अयोध्या मामले की सुनवाई पूरी, पीएम मोदी की रैली में हंगामा

    TOP 5 NEWS: सुप्रीम कोर्ट में अयोध्या मामले की सुनवाई पूरी, पीएम मोदी की रैली में हंगामा

    TOP 5 NEWS: अयोध्या मामले (Ayodhya Case) में सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ में आखिरी सुनवाई पूरी हुई, कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया. सुप्रीम कोर्ट ने अन्य कुछ याचिकाओं पर सुनवाई से इनकार कर दिया और सीजेआई रंजन गोगोई ने कहा कि अब बहुत हो चुका, हम शाम को पांच बजे उठ जाएंगे. लेकिन वह तय समय से एक घंटे पहले ही उठ गए और 40वें दिन कोर्ट में सुनवाई पूरी हुई.

  • Ayodhya Case: कैसा है अयोध्या का माहौल, 10 प्वाइंट्स में जानिए

    Ayodhya Case: कैसा है अयोध्या का माहौल, 10 प्वाइंट्स में जानिए

    सुप्रीम कोर्ट, अयोध्या मामले (Ayodhya Case Hearing) में बुधवार को आखिरी सुनवाई करेगा. मंगलवार को हुई सुनवाई के दौरान एक हिन्दू पक्ष ने दलील दी कि भारत विजय के बाद मुगल शासक बाबर द्वारा करीब 433 साल पहले अयोध्या में भगवान राम के जन्म स्थान पर मस्जिद का निर्माण कर ‘ऐतिहासिक भूल' की गयी थी और अब उसे सुधारने की आवश्यकता है. अयोध्या मामले अभी तक 39 दिन सुनवाई चली है. बता दें, सीजेआई रंजन गोगोई ने उम्मीद जताई थी कि 17 अक्टूबर तक इस मामले में सुनवाई पूरी कर ली जाएगी और 17 नवंबर को अयोध्या मसले पर फैसला सुना दिया जाएगा. 17 नवंबर को ही सीजेआई रंजन गोगोई रिटायर हो रहे हैं.

  • Ayodhya Case Updates: राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद जमीन विवाद में नवंबर में आएगा फैसला

    Ayodhya Case Updates: राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद जमीन विवाद में नवंबर में आएगा फैसला

    अयोध्या मामले (Ayodhya Case) में सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ आखिरी सुनवाई बुधवार को शाम चार बजे पूरी कर ली. सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ ने अयोध्या के राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद जमीन विवाद मामले की सुनवाई पूरी करने के पश्चात अपना फैसला सुरक्षित रख लिया.

  • Ayodhya Case: मुस्लिम पक्ष के वकील बोले- हमारी मांग है कि 5 दिसंबर 1992 में जैसा ढांचा था, वैसी ही हालत में मस्जिद सौंपी जाए

    Ayodhya Case: मुस्लिम पक्ष के वकील बोले- हमारी मांग है कि 5 दिसंबर 1992 में जैसा ढांचा था, वैसी ही हालत में मस्जिद सौंपी जाए

    धवन ने माना कि पुरातात्विक साक्ष्य को प्रमाणित किया जा सकता है. हालांकि, इससे पहले पुरातत्व को मुस्लिम पक्षकारों ने एक सामाजिक विज्ञान के रूप में माना था और उसे खारिज कर दिया था. धवन ने कहा कि ASI रिपोर्ट में कभी ये नहीं कहा गया कि मंदिर को तोडकर मस्जिद बनाई गई. इस जगह पर हमेशा मुस्लिमों का कब्जा रहा. हिंदुओं ने बहुत बाद में जमीन के टाइटल का दावा किया लेकिन उसे खारिज कर दिया गया. उन्होंने 1934 से प्रतिकूल कब्जे का दावा किया जिसके लिए कोई सबूत नहीं है.

  • Ayodhya Case : मुस्लिम पक्ष के वकील ने सुप्रीम कोर्ट में कहा- मस्जिद तो मीर बाकी ने बनवाई...

    Ayodhya Case : मुस्लिम पक्ष के वकील ने सुप्रीम कोर्ट में कहा- मस्जिद तो मीर बाकी ने बनवाई...

    अयोध्या मामले की सुनवाई कर रहे प्रधान न्यायाधीश जस्टिस रंजन गोगोई ने कहा है कि पीठ शनिवार को सुनवाई नहीं करेगी. आज इस केस की लगातार 37वें दिन सुनवाई हुई. मुस्लिम पक्ष के वकील राजीव धवन ने दलील दी कि सुप्रीम कोर्ट अनुच्छेद 142 के तहत मिली अपरिहार्य शक्तियों के तहत दोनों ही पक्षों कि गतिविधियों को ध्यान में रखकर इस मामले का निपटारा करे. उन्होंने कहा कि इस मामले में मस्जिद पर जबरन कब्जा किया गया. लोगों को धर्म के नाम पर उकसाया गया, रथयात्रा निकाली गई, लंबित मामले में दबाव बनाया गया.  धवन ने कहा कि मस्जिद ध्वस्त की गई और उस समय मुख्यमंत्री रहे कल्याण सिंह ने एक दिन कि जेल अवमानना के चलते काटी थी. अदालत से गुजारिश है कि तमाम घटनाओं को ध्यान में रखे.

  • Ayodhya Case: रामलला विराजमान ने सुप्रीम कोर्ट में कहा- SC को फैसला लेने दें, हम मध्यस्थता में भाग नहीं लेंगे

    Ayodhya Case: रामलला विराजमान ने सुप्रीम कोर्ट में कहा- SC को फैसला लेने दें, हम मध्यस्थता में भाग नहीं लेंगे

    उन्होंने कहा कि इलाहाबाद हाईकोर्ट के जज ने 1885 के फैसले को भी माना. हिन्दू पक्षकारों ने सीमित अधिकार माना था, उन्होंने अपने अधिकार बढ़ाने की कोशिश की और सीता रसोई पर दावा भी किया. जबकि हिन्दुओं  का अंदरूनी आंगन में कोई अधिकार नहीं था. इस बात को ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट ने भी माना था. जिरह के दौरान नाफड़े ने कहा कि हिंदुओं का वहां पर सीमित अधिकार था, और उस जगह पर मस्जिद मौजूद थी. अंदरूनी आंगन मस्जिद का हिस्सा था.

  • Nora Fatehi Video: क्लब में बजा नोरा फतेही का गाना, तो फेंक दिया मोबाइल और करने लगीं कुछ ऐसा...

    Nora Fatehi Video:  क्लब में बजा नोरा फतेही का गाना, तो फेंक दिया मोबाइल और करने लगीं कुछ ऐसा...

    Nora Fatehi Video: 'साकी-साकी' और फिर 'पेपेटा (Pepeta)', दोनों ही गानों ने नोरा फतेही (Nora Fatehi) की सफलताओं को बुलंदियों तक पहुंचा दिया है. लेकिन हाल ही में एक्ट्रेस का एक वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है, जिसमें नोरा फतेही (Nora Fatehi) अपनी खुशी का यूं इजहार कर रही हैं.

  • सुप्रीम कोर्ट से आज नहीं मिली राहत तो पी चिदंबरम को जाना पड़ सकता है जेल, 15 दिनों से सीबीआई हिरासत में

    सुप्रीम कोर्ट से आज नहीं मिली राहत तो पी चिदंबरम को जाना पड़ सकता है जेल, 15 दिनों से सीबीआई हिरासत में

    उच्च न्यायालय ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा दर्ज आईएनएक्स मीडिया धनशोधन मामले में उन्हें अग्रिम जमानत देने से इनकार कर दिया था. उच्चतम न्यायालय उनकी उस याचिका पर भी आदेश जारी कर सकता है जिसमें उन्होंने अपने खिलाफ जारी गैर-जमानती वारंट को चुनौती दी है.

  • कॉन्सुलर एक्सेस के बाद विदेश मंत्रालय का आया बयान- मुलाकात के समय 'काफी दबाव' में थे कुलभूषण जाधव

    कॉन्सुलर एक्सेस के बाद विदेश मंत्रालय का आया बयान- मुलाकात के समय 'काफी दबाव' में थे कुलभूषण जाधव

    भारतीय अधिकारी गौरव अहलुवालिया ने कुलभूषण जाधव (Kulbhushan Jadhav News) से मुलाकात की. कुलभूषण जाधव (Kulbhushan Jadhav) से मुलाकात के बाद भारतीय विदेश मंत्रालय की तरफ से बयान जारी किया गया.

  • कुलभूषण जाधव को कॉन्‍स्‍यूलर एक्‍सेस देगा पाकिस्तान, ICJ ने दिया था आदेश

    कुलभूषण जाधव को कॉन्‍स्‍यूलर एक्‍सेस देगा पाकिस्तान, ICJ ने दिया था आदेश

    कुलभूषण जाधव (Kulbhushan Jadhav) को पाकिस्तान सोमवार (02 सितंबर) को कॉन्‍स्‍यूलर एक्‍सेस देगा. पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय की तरफ से ट्वीट कर यह जानकारी दी गई है.

  • असम में NRC लिस्ट : 1950 से लेकर 31 अगस्त 2019 तक की पूरी कहानी

    असम में NRC लिस्ट : 1950 से लेकर 31 अगस्त 2019 तक की पूरी कहानी

    असम में राष्ट्रीय नागरिकता रजिस्टर यानी एनआरसी की अंतिम लिस्ट गृह मंत्रालय ने जारी कर दी गई है. इस लिस्ट में 19 लाख 6,657 लोगों के नाम नहीं हैं. जबकि इस लिस्ट में अब 3 करोड़ 11 लाख 21 हजार लोगों के नाम हैं. पिछले साल आई एनआरसी की ड्राफ़्ट सूची में क़रीब 40 लाख लोगों के नाम नहीं थे. जिसमें ड्राफ़्ट सूची से बाहर किए गए क़रीब 21 लाख लोगों के नाम जोड़ दिए गए हैं. इस लिस्ट में जिनका नाम है वही देश के नागरिक माने जाएंगे और जिनका नाम नहीं होगा वो विदेशी माने जाएंगे. हालांकि मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने कहा है कि जिन लोगों के नाम इस लिस्ट में नहीं हैं उन्हें परेशान होने की ज़रूरत नहीं है. वो ट्रिब्युनल में अपील कर सकते हैं. 'आजादी के बाद से राष्ट्रीय नागरिक पंजी (एनआरसी) के प्रकाशन तक असम में आव्रजन से जुड़े मामले से जुड़े घटनाक्रम इस प्रकार हैं.

  • अयोध्या केस : सुप्रीम कोर्ट में दलील, बाबर के वंशज किसी इमारत के मालिक हो सकते हैं लेकिन मस्जिद के नहीं

    अयोध्या केस : सुप्रीम कोर्ट में दलील, बाबर के वंशज किसी इमारत के मालिक हो सकते हैं लेकिन मस्जिद के नहीं

    अयोध्या विवाद मामले की सुनवाई सुप्रीम कोर्ट में आज भी जारी रही. सुनवाई के दौरान श्रीरामजन्मभूमि पुनरोद्धार समिति के वकील पीएन मिश्रा ने हदीस के हवाले से इस्लामी कानून के ज़रिए ज़मीन के खरीद और इस्तेमाल के नियमों का जिक्र किया. उन्होंने हज़रत मोहम्मद साहब, उनके अनुयायियों हजरत उमर, सईद बुखारी और यहूदियों के बीच हुए वाकयों का बयान किया. उन्होंने कहा कि मस्जिद के लिए कई कायदे नियम और बुनियादी चीज़े होती हैं.

  • अयोध्या केस: SC ने कहा- 500 साल बाद बाबर के मस्जिद बनाने के विषय की जांच करना थोड़ी समस्या वाली बात

    अयोध्या केस: SC ने कहा- 500 साल बाद बाबर के मस्जिद बनाने के विषय की जांच करना थोड़ी समस्या वाली बात

    'अखिल भारतीय श्री राम जन्म भूमि पुनरुद्धार समितट के वकील ने प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली पांच न्यायाधीशों की संविधान पीठ से कहा कि इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने यह कहकर गलती की कि वह इस मामले में नहीं जाएगा कि क्या बाबर ने बिना 'शरिया' 'हदीस' और अन्य इस्लामिक परंपराओं का पालन किये बिना मस्जिद का निर्माण कराया.    

  • स्वामी चिन्मयानंद के खिलाफ आरोपों का मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा, सुनवाई आज

    स्वामी चिन्मयानंद के खिलाफ आरोपों का मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा, सुनवाई आज

    पूर्व केंद्रीय मंत्री स्वामी चिन्मयानंद के खिलाफ आरोपों का मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है. इस मामले में कुछ वकीलों ने सुप्रीम कोर्ट से स्वत: संज्ञान लेने का अनुरोध किया था. उन्होंने कहा कि आरोप लगाने वाली छात्रा तीन दिनों से गायब है लिहाजा सुप्रीम कोर्ट दखल दे. सुप्रीम कोर्ट ने मामले में संज्ञान लिया. जस्टिस आर बानुमति की पीठ कल सुनवाई करेगी.

  • Ayodhya Case: हिंदू संस्था ने SC में कहा- मस्जिद का निर्माण बाबर ने नहीं बल्कि औरंगजेब ने कराया था

    Ayodhya Case: हिंदू संस्था ने SC में कहा- मस्जिद का निर्माण बाबर ने नहीं बल्कि औरंगजेब ने कराया था

    एक मुस्लिम पार्टी द्वारा दायर मुकदमे में प्रतिवादी अखिल भारतीय श्री राम जन्म भूमि पुनरुद्धार समिति ने प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली पांच न्यायाधीशों की संविधान पीठ के समक्ष बाबरनामा, हुमायूंनामा, अकबरनामा और तुजुक-ए-जहांगीरी जैसी ऐतिहासिक पुस्तकों का उल्लेख किया.

  • SC में अयोध्या मामले पर सुनवाई: एक पक्ष ने कहा- बाबर कभी अयोध्या नहीं आया, उसने कोई मस्जिद नहीं बनाई

    SC में अयोध्या मामले पर सुनवाई: एक पक्ष ने कहा- बाबर कभी अयोध्या नहीं आया, उसने कोई मस्जिद नहीं बनाई

    अखाड़ा ने प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली पांच न्यायाधीशों की संविधान पीठ को इस रुख के बारे में बताया. उससे पूछा गया था कि क्या वह इस तथ्य के आलोक में राम लला की याचिका का विरोध कर रहा है कि 'शबैत' (उपासक) के तौर पर संपत्ति पर उसका अधिकार तभी हो सकता है जब 'राम लला विराजमान' के वाद को विचारार्थ स्वीकार किया जाए.