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Reservation bill for upper casts


'Reservation bill for upper casts' - 19 न्यूज़ रिजल्ट्स

  • उच्च शिक्षा की विडम्बनाएं और आरक्षण का ख़याल

    उच्च शिक्षा की विडम्बनाएं और आरक्षण का ख़याल

    यह देखना दिलचस्प है कि जो लोग अब तक सामाजिक आधार पर आरक्षण को प्रतिभा के विलोम की तरह देखते रहे और इसे भारतीय व्यवस्था का नासूर मानते रहे, वे अपील कर रहे हैं कि गरीबों के हक की ख़ातिर यह आर्थिक आरक्षण मान लिया जाए - बिना यह बताए कि हर महीने 65,000 रुपये कमाने वाले लोग किस कसौटी से गरीब कहलाएंगे.

  • देशभर के 40 हजार कॉलेजों और 900 यूनिवर्सिटी में इसी साल से लागू होगा 10 फीसद आरक्षण, बढ़ेंगी सीटें

    देशभर के 40 हजार कॉलेजों और 900 यूनिवर्सिटी में इसी साल से लागू होगा 10 फीसद आरक्षण, बढ़ेंगी सीटें

    मानव संसाधन विकास मंत्री प्रकाश जावड़ेकर (Prakash Javadekar) ने कहा कि देशभर के 40 हजार कॉलेजों और 900 यूनिवर्सिटी में 10 फीसद आरक्षण का कोटा इसी शैक्षणिक सत्र से लागू कर दिया जाएगा. इसमें सरकारी और प्राइवेट, दोनों तरह के संस्थान शामिल हैं. हालांकि वर्तमान कोटे से कोई छेड़छाड़ नहीं होगा और यह 10 फीसद अतिरिक्त होगा.

  • शिवानंद तिवारी ने नई आरक्षण व्यवस्था पर सवाल उठाये

    शिवानंद तिवारी ने नई आरक्षण व्यवस्था पर सवाल उठाये

    राष्ट्रीय जनता दल के राष्ट्रीय प्रवक्ता और उपाध्यक्ष शिवानंद तिवारी ने केंद्र सरकार द्वारा आर्थिक रूप से पिछड़े सवर्णों को 10 फीसदी आरक्षण दिए जाने पर सवाल खड़े किए हैं.

  • आरक्षण बिल को राष्ट्रपति ने दी मंजूरी, सरकार ने जारी कर दी अधिसूचना

    आरक्षण बिल को राष्ट्रपति ने दी मंजूरी, सरकार ने जारी कर दी अधिसूचना

    सामान्य वर्ग के आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को सरकारी नौकरियों और शैक्षणिक संस्थानों में दस फीसदी के आरक्षण के बिल को राष्ट्रपति ने मंजूरी दे दी है.

  • टॉप 5 न्यूजः सुप्रीम कोर्ट में आरक्षण बिल को चुनौती, लालू प्रसाद यादव की जमानत नामंजूर

    टॉप 5 न्यूजः सुप्रीम कोर्ट में आरक्षण बिल को चुनौती, लालू प्रसाद यादव की जमानत नामंजूर

    आर्थिक आधार पर 10 फीसदी आरक्षण(Reservation Bill) का मुद्दा  सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) में पहुंच गया है. यूथ फॉर इक्विलिटी ने संविधान संशोधन को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है.

  • सवर्णों के आरक्षण पर संसद की मुहर: किसी ने बताया 'राजनीतिक स्टंट', तो किसी ने सवर्णों से 'धोखा', 10 खास बातें

    सवर्णों के आरक्षण पर संसद की मुहर: किसी ने बताया 'राजनीतिक स्टंट', तो किसी ने सवर्णों से 'धोखा', 10 खास बातें

    सामान्य वर्ग के आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को शिक्षा एवं रोजगार में 10 प्रतिशत आरक्षण देने के प्रावधान वाले ऐतिहासिक संविधान संशोधन विधेयक को बुधवार को संसद की मंजूरी मिल गयी. राज्यसभा ने करीब 10 घंटे तक चली बैठक के बाद संविधान (124 वां संशोधन), 2019 विधेयक को सात के मुकाबले 165 मतों से मंजूरी दे दी. इससे पहले सदन ने विपक्ष द्वारा लाए गए संशोधनों को मत विभाजन के बाद नामंजूर कर दिया. लोकसभा ने इस विधेयक को मंगलवाार को ही मंजूरी दी थी जहां मतदान में तीन सदस्यों ने इसके विरोध में मत दिया था. उच्च सदन में विपक्ष सहित लगभग सभी दलों ने इस विधेयक का समर्थन किया. कुछ विपक्षी दलों ने इस विधेयक को लोकसभा चुनाव से कुछ पहले लाये जाने को लेकर सरकार की मंशा तथा इस विधेयक के न्यायिक समीक्षा में टिक पाने को लेकर आशंका जतायी. हालांकि सरकार ने दावा किया कि कानून बनने के बाद यह न्यायिक समीक्षा की अग्निपरीक्षा में भी खरा उतरेगा क्योंकि इसे संविधान संशोधन के जरिये लाया गया है. केंद्रीय सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्री थावर चंद गहलोत ने विधेयक पर हुई चर्चा का जवाब देते हुए इसे सरकार का एक ऐतिहासिक कदम बताया. 

  • RJD सांसद मनोज झा ने सदन में दिखाया झुनझुना, सरकार की नीति और नीयत पर उठाए सवाल

    RJD सांसद मनोज झा ने सदन में दिखाया झुनझुना, सरकार की नीति और नीयत पर उठाए सवाल

    RJD सांसद मनोज झा (Manoj Jha) ने राज्यसभा में आरक्षण बिल (General Category Reservation Bill) पर चर्चा के दौरान सरकार की नीति और नीयत दोनों पर सवाल उठाए. उन्होंने कहा कि देश में जातिव्यवस्था बहुत खतरनाक स्थिति में है.

  • आर्थिक आधार पर आरक्षण: राम विलास पासवान बोले- देश में नौकरियों की कमी, प्राइवेट सेक्टर में भी हो आरक्षण, कांग्रेस ने किया समर्थन

    आर्थिक आधार पर आरक्षण: राम विलास पासवान बोले- देश में नौकरियों की कमी, प्राइवेट सेक्टर में भी हो आरक्षण, कांग्रेस ने किया समर्थन

    कांग्रेस (Congress) ने प्राइवेट सेक्टर में आरक्षण की राम विलास पासवान की मांग का समर्थन किया है. कांग्रेस नेता पीएल पूनिया ने कहा, 'हम प्राइवेट सेक्टर में आरक्षण की पासवान की मांग का समर्थन करते हैं.' इसके अलावा इस्पात मंत्री बीरेंद्र सिंह ने कहा, 'मैं प्राइवेट सेक्टर में आरक्षण की राम विलास पासवान की मांग का समर्थन करता हूं. इससे गरीब पिछड़ों को फायदा होगा.'

  • मोदी सरकार की बड़ी जीत, राज्यसभा से भी पास हुआ सवर्ण आरक्षण बिल, समर्थन में पड़े 165 वोट

    मोदी सरकार की बड़ी जीत, राज्यसभा से भी पास हुआ सवर्ण आरक्षण बिल, समर्थन में पड़े 165 वोट

    लोकसभा चुनावों से पहले मोदी सरकार ने अपने मास्टरस्ट्रोक के तहत आर्थिक तौर पर कमजोर सवर्णों (quota Bill for economically weak in general category) को सरकारी नौकरियों में 10 फीसदी आरक्षण देने का फ़ैसला किया है.

  • आर्थिक आधार पर आरक्षण: 'लोकसभा में पास, राज्यसभा से आस', मोदी सरकार की 'अग्निपरीक्षा' आज, 10 बड़ी बातें

    आर्थिक आधार पर आरक्षण: 'लोकसभा में पास, राज्यसभा से आस', मोदी सरकार की 'अग्निपरीक्षा' आज, 10 बड़ी बातें

    लोकसभा चुनाव 2019 से पहले मोदी सरकार (Modi Govt) ने बड़ा दांव खेलकर विपक्ष के चुनावी हमलों को एक तरह से कमजोर कर दिया है. मोदी सरकार ने अपने मास्टरस्ट्रोक के तहत आर्थिक तौर पर कमजोर सवर्णों (quota Bill for economically weak in general category) को सरकारी नौकरियों में 10 फीसदी आरक्षण देने का फ़ैसला किया है. आर्थिक रूप से पिछड़े तबके को आरक्षण देने के लिए केंद्र सरकार ने मंगलवार को लोकसभा में संविधान संशोधन बिल पेश किया और उसे पारित भी करा लिया. बिल के समर्थन में जहां 323 वोट पड़े वहीं, विरोध में महज 3 वोट. हालांकि, राज्यसभा में आज यानी बुधवार को इस बिल को पेश किया जाएगा. राज्यसभा में इस बिल को लेकर सरकार की अग्निपरीक्षा होगी. हालांकि, लोकसभा में जिस तरह से विपक्षी पार्टियों ने अपने तेवर दिखाए, उससे नहीं लगता कि सरकार को यहां से पास कराने में खासा परेशानी होगी, मगर कांग्रेस की जेपीसी की मांग इस बिल को लटका सकती है. 

  • आर्थिक आधार पर सवर्णों को आरक्षण का बिल लोकसभा से पास, PM मोदी ने इसे देश के लिए ऐतिहासिक क्षण बताया

    आर्थिक आधार पर सवर्णों को आरक्षण का बिल लोकसभा से पास, PM मोदी ने इसे देश के लिए ऐतिहासिक क्षण बताया

    नौकरियों और शिक्षा में सामान्य वर्ग के आर्थिक रूप से पिछड़े तबके को 10 फीसदी आरक्षण (Quota For Economically Weak) का प्रावधान करने वाला विधेयक मंगलवार को लोकसभा से पास हो गया. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) ने विधेयक के पास होने पर इसे देश के इतिहास में 'ऐतिहासिक क्षण' करार दिया. लोकसभा में यह विधेयक पारित होने के बाद किए गए ट्वीट में पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि इसने एक ऐसे प्रभावी उपाय को हासिल करने की प्रक्रिया को गति दी है, जिससे समाज के सभी वर्गों के लिए न्याय सुनिश्चित होगा. पीएम मोदी ने कहा, 'यह सुनिश्चित करना हमारा प्रयास है कि हर गरीब व्यक्ति, चाहे वह किसी भी जाति या संप्रदाय का हो, गरिमापूर्ण जीवन जिये और उसे हर संभव मौके मिलें.'

  • अगड़ों को आरक्षण का बिल लोकसभा से पास, राजनाथ सिंह ने राज्यसभा में बिल पेश होने से पहले जताई यह उम्मीद

    अगड़ों को आरक्षण का बिल लोकसभा से पास, राजनाथ सिंह ने राज्यसभा में बिल पेश होने से पहले जताई यह उम्मीद

    लोकसभा चुनावों से पहले मोदी सरकार (Modi Govt) ने आर्थिक तौर पर कमजोर सवर्णों (Quota For Economically Weak) को 10 फ़ीसदी आरक्षण देने का फ़ैसला किया है. इसके लिए सरकार ने आज लोकसभा में संविधान संशोधन बिल पेश किया और उसे पारित भी करवा लिया. बिल के समर्थन में 323 वोट और विरोध में महज 3 वोट पड़े. राज्यसभा में बुधवार को इस बिल को पेश किया जाएगा. इस विधेयक को लेकर मंगलवार को करीब 5 घंटे तक चली बहस में लगभग सभी दलों ने इसका पक्ष लिया, लेकिन किसी ने भी इसका खुलकर विरोध नहीं किया. 

  • गरीब सवर्णों के लिए आरक्षण पर पसोपेश में कांग्रेस!

    गरीब सवर्णों के लिए आरक्षण पर पसोपेश में कांग्रेस!

    सामान्य वर्ग के गरीब लोगों को आर्थिक आधार पर सरकारी नौकरियों और उच्च शैक्षणिक संस्थानों में दस फीसदी आरक्षण देने के संविधान संशोधन बिल को लेकर सियासत तेज हो गई है. कांग्रेस का कहना है कि सरकार इस बिल को जल्दबाजी में लाई लिहाजा इसे संयुक्त संसदीय समिति यानी जेपीसी को भेजा जाए.

  • आर्थिक आधार पर आरक्षण: अरुण जेटली का कांग्रेस पर हमला, गरीबों को 10% कोटा था आपका 'जुमला'

    आर्थिक आधार पर आरक्षण: अरुण जेटली का कांग्रेस पर हमला, गरीबों को 10% कोटा था आपका 'जुमला'

    वित्त मंत्री अरुण जेटली (Arun Jaitley) ने सामान्य वर्ग के गरीब लोगों के लिए आरक्षण संबंधी विधेयक को कांग्रेस सहित अन्य दलों से 'बड़े दिल के साथ समर्थन' देने की अपील की. उन्होंने कहा कि भाजपा सहित सभी दलों ने अपने घोषणापत्र में इसके लिए वादा कर रखा है. उन्होंने दावा किया कि चूंकि यह आरक्षण संविधान संशोधन के माध्यम से दिया जा रहा है इसलिए यह न्यायिक समीक्षा में सही ठहराया जाएगा. लोकसभा में मंगलवार को संविधान (124वां संशोधन) विधेयक पर चर्चा में हस्तक्षेप करते हुए जेटली ने कहा कि भाजपा एवं राजग के अलावा कांग्रेस और अन्य दलों ने भी अपने घोषणापत्र में इस संबंध में वादा किया था कि अनारक्षित वर्ग के गरीबों को आरक्षण देंगे.

  • सवर्ण जातियों को आरक्षण का झुनझुना

    सवर्ण जातियों को आरक्षण का झुनझुना

    सरकार ने एक और गजब कर दिया. एक और गजब का मतलब यह कि जिस तरह कालेधन के जरिए हर एक को 15 लाख देने का और दो करोड़ युवाओं को हर साल नौकरी देने का गजब किया गया था वैसा ही गजब. बस फर्क यह है कि पुराने गजब चुनाव के पहले सत्ता हासिल करने के लिए थे और नया गजब सत्ता बचाने के लिए दिखाई देता है.

  • आर्थिक आधार पर आरक्षण : कौन सा दल है पक्ष में और कौन खड़ा है विपक्ष में? जानें- विस्तार से

    आर्थिक आधार पर आरक्षण : कौन सा दल है पक्ष में और कौन खड़ा है विपक्ष में? जानें- विस्तार से

    जनरल कैटेगरी के आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को शिक्षा एवं सरकारी नौकरियों में 10 फीसदी आरक्षण सुनिश्चित करने वाला संविधान का 124वां संशोधन विधेयक मंगलवार को लोकसभा में पेश कर दिया गया. केंद्रीय सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्री थावर चंद गहलोत ने यह विधेयक पेश किया. एक दिन पहले ही केंद्रीय मंत्रिमंडल ने इसे मंजूरी प्रदान की थी. आपको बता दें कि केंद्रीय मंत्रिमंडल ने सामान्य श्रेणी में आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग के लिए नौकरियों और शैक्षणिक संस्थानों में 10 प्रतिशत आरक्षण को सोमवार को मंजूरी दी थी.  सूत्रों के अनुसार, यह कोटा मौजूदा 50 प्रतिशत आरक्षण से अलग होगा. सामान्य वर्ग को अभी आरक्षण हासिल नहीं है.  समझा जाता है कि यह आरक्षण आर्थिक रूप से पिछड़े ऐसे गरीब लोगों को दिया जाएगा, जिन्हें अभी आरक्षण का फायदा नहीं मिल रहा है. आरक्षण का लाभ उन्हें मिलने की उम्मीद है जिनकी वार्षिक आय आठ लाख रूपये से कम होगी और 5 एकड़ तक जमीन होगी. मोदी सरकार के इस फैसले का ज्यादातर विपक्षी दलों ने स्वागत किया है, हालांकि कुछ दलों ने सरकार की मंशा पर सवाल भी खड़े किये हैं और इसे महज चुनावी स्टंट बताया है. आइये आपको बताते हैं कि आर्थिक आधार पर आरक्षण के मुद्दे पर विभिन्न राजनैतिक दलों की क्या राय है. 

  • आर्थिक आधार पर आरक्षण को लेकर मायावती ने केंद्र की मंशा पर उठाए सवाल, कही यह बात...

    आर्थिक आधार पर आरक्षण को लेकर मायावती ने केंद्र की मंशा पर उठाए सवाल, कही यह बात...

    लोकसभा चुनाव (Loksabha Election) से पहले मोदी सरकार (Modi Govt) ने बड़ा मास्टरस्ट्रोक खेला है. मोदी सरकार ने आर्थिक तौर पर कमजोर सवर्णो (Quota For Economically Weak) को सरकारी नौकरियों में 10 फीसदी आरक्षण देने का फ़ैसला किया है. गरीब सवर्णों के लिए 10 फ़ीसदी का यह आरक्षण 50 फ़ीसदी की सीमा से अलग होगा. मोदी सरकार के इस फैसले का बसपा प्रमुख मायावती (Mayawti) ने स्वागत करते हुए इसे चुनावी स्टंट बताया है.

  • आर्थिक आधार पर आरक्षण : पर्दे के पीछे का पूरा खेल, कैसे हुआ फैसला और इसमें क्या है कांग्रेस का हाथ

    आर्थिक आधार पर आरक्षण : पर्दे के पीछे का पूरा खेल, कैसे हुआ फैसला और इसमें क्या है कांग्रेस का हाथ

    सरकार ने आज लोकसभा (Loksabha) में संविधान संशोधन बिल पेश किया. गरीब सवर्णों के लिए 10 फ़ीसदी का यह आरक्षण 50 फ़ीसदी की सीमा से अलग होगा. केंद्रीय कैबिनेट ने सोमवार को इस संशोधन को मंज़ूरी दी थी. माना जा रहा है कि सरकार ने ये क़दम बीजेपी से नाराज़ चल रहे सवर्णों के एक बड़े धड़े को लुभाने के लिए उठाया है. अब हम बताने जा रहे हैं पर्दे के पीछे का पूरा खेल, कैसे हुआ फैसला और इसमें क्या है कांग्रेस का हाथ?