NDTV Khabar

सिटी सेंटर: नतीजों से पहले ईवीएम पर बवाल और एनडीए के नेताओं की कुर्सी की चाहत

 Share

मतदान के बाद ईवीएम (EVM) को मतगणना स्थलों तक पहुंचाने में गड़बड़ी और उनके दुरुपयोग को लेकर विभिन्न इलाकों से मिली शिकायतों के बीच उत्तर प्रदेश के मेरठ में सपा-बसपा (SP-BSP) कार्यकर्ताओं ने स्ट्रॉंग रूम के बाहर तंबू लगा दिया. इस तंबू में 24 घंटे में कार्यकर्ताओं ने डेरा डाल रखा है. इतना ही नहीं, बल्कि ये कार्यकर्ता कैमरों और दूरबीन के जरिए ईवीएम की निगरानी कर रहे हैं. वहीं दूसरी ओर चुनाव आयोग (Election Commission) ने इस तरह की शिकायतों को शुरुआती जांच के आधार पर गलत बताते हुए कहा है कि मतदान में प्रयोग की गयी ईवीएम और वीवीपैट मशीनें (VVPAT) ‘स्ट्रांग रूम' में पूरी तरह से सुरक्षित हैं. और भले ही अभी लोकसभा चुनाव (Lok Sabha Election) के नतीजे न आए हों लेकिन एनडीए के विभिन्न दलों के नेता अभी से ही आगामी सरकार में अपने या अपने रिश्तेदारों के लिए मंत्री पद को लेकर अपनी मुखर राय रखने लगे हैं. इसी क्रम में लोक जनशक्ति पार्टी के नेता रामविलास पासवान ने एनडीटीवी से खास बातचीत में कहा कि वह चाहते हैं उनके बेटे को नई सरकार में मंत्री पद दिया जाए. उन्होंने कहा कि कहा कि मैं चाहता हूं की चिराग पासवान मंत्री बनें. हर बाप चाहता है कि उसका बेटा अच्छा करे.ये फैसला उसे खुद करना है कि सरकार में एलजेपी से कौन मंत्री होगा. वहीं रिपब्लिकन पार्टी के नेता रामदास अठावले ने भी नई सरकार में शामिल होने की इच्छा जताई है.



Advertisement