बुलंदशहर: सुदीक्षा भाटी मौत मामले में FIR दर्ज, कथित छेड़छाड़ का कोई जिक्र नहीं

उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में 20 साल की सुदीक्षा भाटी की सड़क हादसे में सोमवार को हुई मौत पर भड़के गुस्से के बाद मंगलवार की रात एफआईआर दर्ज कराया गया है. परिवार ने इस मामले में छेड़छाड़ का आरोप लगाया था लेकिन पुलिस की एफआईआर में इसका जिक्र नहीं किया गया है.

बुलंदशहर: सुदीक्षा भाटी मौत मामले में FIR दर्ज, कथित छेड़छाड़ का कोई जिक्र नहीं

परिवार ने सुदीक्षा के साथ छेड़छाड़ होने का आरोप लगाया है.

बुलंदशहर:

उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में में सोमवार को 20 साल की सुदीक्षा भाटी की सड़क हादसे हुई मौत पर भड़के गुस्से के बाद मंगलवार की रात एफआईआर दर्ज कराया गया है. परिवार ने इस मामले में छेड़छाड़ का आरोप लगाया था लेकिन पुलिस की एफआईआर में इसका जिक्र नहीं किया गया है. उत्तर प्रदेश पुलिस के सूत्रों के मुताबिक, यह एफआईआर उसके पिता की शिकायत के आधार पर दर्ज किया गया है. परिवार का कहना है कि बुलेट सवार दो लोगों ने सुदीक्षा और उसके चाचा की बाइक को ओवरटेक करने की कोशिश की थी और सुदीक्षा से छेड़छाड़ की थी. 

बता दें कि सुदीक्षा ने  2018 में 12वीं कक्षा की बोर्ड परीक्षाओं में 98 प्रतिशत अंक ले आई थी और फिर उसे बॉस्टन के प्रतिष्ठित अमेरिकी यूनिवर्सिटी बॉब्सन कॉलेज में स्नातक पाठ्यक्रम की पढ़ाई करने के लिए स्कॉलरशिप मिली थी. इसी साल जून में भारत लौटी सुदीक्षा भाटी गौतम बुद्ध नगर जिले में दादरी स्थित अपने गांव से अपने चाचा के साथ मोटरसाइकिल पर बुलंदशहर के सिकंदराबाद जा रही थी, जहां उन्हें सुदीक्षा के पुराने स्कूल से कुछ काग़ज़ात लेने थे. रास्ते में बुलंदशहर-औरांगबाद रोड पर बुलेट मोटरसाइकिल से टक्कर हो जाने की वजह से सुदीक्षा की मौत हो गई. सुदीक्षा के परिवार का आरोप है कि इसी बुलेट मोटरसाइकिल पर सवार दो लोगों ने उसके साथ छेड़खानी की थी, और वे स्टंट भी कर रहे थे, जिसकी वजह से यह टक्कर हुई और सुदीक्षा बाइक से गिर गई. सिर में गंभीर चोटें आने की वजह से उसकी मौत हो गई.

दोनों आरोपी को सीसीटीवी फुटेज में देखा जा सकता है लेकिन पुलिस ने किसी भी छेड़छाड़ की घटना का सबूत मिलने से इनकार किया है. सुदीक्षा के पिता ब्रह्म सिंह भाटी ने अपनी शिकायत में कहा कि 'मेरी बेटी बहुत प्रतिभाशाली थी. मैं पूरी तरह टूट चुका हूं. मेरी आपसे अपील है कि उन दोनों आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए.'

इस मामले में पुलिस ने IPC (Indian Penal Code) की दो धाराओं- 279 (सार्वजनिक रास्ते पर रैश ड्राइविंग करना) और 304-A (किसी की लापरवाही के चलते किसी की मौत होना)- में केस दर्ज किया है. परिवार के आरोप के उलट जिलाधिकारी रविंद्र कुमार ने मंगलवार को पत्रकारों से कहा कि 'बाइक सुदीक्षा के चाचा नहीं, उसका नाबालिग भाई चला रहा था. अभी तक मामले में छेड़छाड़ का कोई सबूत नहीं मिला है.'

Video: देश प्रदेश : सुदीक्षा मौत मामले में दो लोगों को खिलाफ दर्ज कराई गई रिपोर्ट

Newsbeep

Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com