Maharashtra Coronavirus Update: महाराष्ट्र में कोरोना से उबरने के बाद दो लोगों को अस्पताल से मिली छुट्टी

Maharashtra Coronavirus Update: कोरोनावायरस से सबसे ज्यादा प्रभावित महाराष्ट्र में दो लोगों इस संक्रमण से उबरने के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है.

Maharashtra Coronavirus Update: महाराष्ट्र में कोरोना से उबरने के बाद दो लोगों को अस्पताल से मिली छुट्टी

Maharashtra Coronavirus Update: महाराष्ट्र में कोरोनावायरस से संक्रमित दो लोगों को अस्पताल से मिली छुट्टी.

Maharashtra Coronavirus Update: देश में कोरोना का कहर लगातार बढ़ता जा रहा है. हर दिन नए मामलों की संख्या में इजाफा हो रहा है. बुधवार को कोरोना संक्रमित लोगों का आंकड़ा 600 पार कर गया. इस दौरान आज ही 70 नए मामले सामने आए. इस बीच अच्छी खबर मिल रही है. कोरोनावायरस से सबसे ज्यादा प्रभावित महाराष्ट्र में दो लोगों इस संक्रमण से उबरने के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है. न्यूज एजेंसी ANI ने महाराष्ट्र के स्वास्थ्य विभाग के हवाले से खबर दी है कि मुंबई और औरंगाबाद के दो लोगों को कोरोना वायरस से पूरी तरह उबरने के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है. उन्होंने बताया कि दोनों मरीजों का COVID-19 सैंपल निगेटिव पाया गया. बता दें कि महाराष्ट्र में कोरोना वायरस के अब तक 122 मामले सामने आ चुके हैं और तीन लोगों की मौत हो चुकी है. महाराष्ट्र में बुधवार को कोरोनावायरस के 19 नए मामले सामने आए. इनमें 7 मामले मुंबई के शामिल हैं.

  



भारत में कोरोना के मरीजों की संख्या 600 पार
देशभर में कोरोना वायरस से संक्रमितों की संख्या बुधवार को 606 हो गई, जबकि अब तक 10 लोगों की इससे मौत हो चुकी है. कोरोना वायरस के कारण उत्पन्न हालात की समीक्षा के लिए स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन की अध्यक्षता में मंत्री समूह की आज बैठक हुई. बैठक के बाद केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि देश में अब तक कोरोना के 606 मामलों की पुष्टि हो चुकी है, इनमें से 553 का अभी विभिन्न अस्पतालों में इलाज चल रहा है. मंत्रालय के अधिकारी ने बताया कि स्थिति को नियंत्रण में करने के लिए देशव्यापी लॉकडाउन के बीच वायरस के परीक्षण और चिकित्सा सुविधाओं को व्यापक तौर पर प्रभावी बनाने के उपाय सुनिश्चित किये गये हैं.

उन्होंने बताया कि इसके तहत चिकित्साकर्मियों के लिए एन-95 मास्क सहित अन्य जरूरी सुरक्षा उपकरणों की आपूर्ति को भी सुनिश्चित किया जा रहा है. साथ ही इस वायरस के संक्रमण के परीक्षण के लिए पूरे देश में 29 निजी प्रयोगशालाओं और 1600 सैंपल कलेक्शन केन्द्रों का भी पंजीकरण किया गया है. इस बीच, भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) की देशभर में 118 प्रयोगशालायें काम कर रही हैं.

अधिकारी ने बताया कि चिकित्सा संबंधी सुरक्षा उपकरणों का आयात बाधित होने के कारण पिछले कुछ दिनों में इनकी कमी महसूस की गयी है, लेकिन सरकार इस कमी को दूर करने के लिये कारगर प्रयास कर रही है. उन्होंने लॉकडाउन को ही स्थिति को नियंत्रित करने का एकमात्र उपाय बताते हुए कहा कि गृह मंत्रालय द्वारा एक नियंत्रण कक्ष के माध्यम से लॉकडाउन का पालन सुनिश्चित कराने की निरंतर निगरानी की जा रही है.

(इनपुट: भाषा से भी)