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अरुण जेटली के निधन पर पीएम मोदी ने जताया शोक, कहा- मैंने मूल्यवान दोस्त खो दिया

बीजेपी के वरिष्ठ नेता अरुण जेटली के निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को शोक प्रकट करते हुए उन्हें अपना 'मूल्यवान मित्र' बताया.

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अरुण जेटली के निधन पर पीएम मोदी ने जताया शोक, कहा- मैंने मूल्यवान दोस्त खो दिया

प्रधानमंत्री ने जेटली की पत्नी और बेटे से बात की

खास बातें

  1. पीएम मोदी ने अरुण जेटली के निधन पर जताया शोक
  2. पत्नी संगीता और बेटे से बात कर अपनी संवेदनाएं प्रकट की
  3. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राजकीय यात्रा पर यूएई में हैं
नई दिल्ली:

बीजेपी के वरिष्ठ नेता अरुण जेटली के निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को शोक प्रकट करते हुए उन्हें अपना 'मूल्यवान मित्र' बताया, जिनमें अंत:दृष्टि और चीजों को बारीकी से समझने की क्षमता थी जो विरले ही देखने को मिलती है. मोदी राजकीय यात्रा पर यूएई में हैं. उन्होंने कहा कि पूर्व वित्त मंत्री जीवन से परिपूर्ण, प्रबुद्ध, हास्य-विनोद से भरपूर और करिश्माई शख्सियत थे. प्रधानमंत्री ने जेटली की पत्नी और बेटे से बात की और अपनी संवेदना प्रकट की. दोनों ने प्रधानमंत्री से अपनी विदेश यात्रा रद्द नहीं करने का अनुरोध किया.

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शनिवार को एम्स में भाजपा नेता का निधन हो गया. अपने ट्वीट में मोदी ने कहा कि जेटली को समाज का हर तबका पसंद करता था. उन्होंने कहा कि वह एक बहुआयामी व्यक्तित्व वाले, संविधान, इतिहास, लोक नीति, शासन और प्रशासन के प्रखर ज्ञाता थे. उन्होंने कहा, 'अरुण जेटली जी के जाने से मैंने अपना एक मूल्यवान मित्र खो दिया, जिन्हें दशकों से जानने का मुझे सौभाग्य प्राप्त था. उनमें मुद्दों को लेकर जो अंतर्दृष्टि और चीजों की समझ थी, वह विरले ही किसी में देखने को मिलती है. उन्होंने जीवन को भरपूर जिया और हम सभी के दिलों में अनगिनत खुशी के लम्हे छोड़ गये! हम उन्हें याद करेंगे.'


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उन्होंने कहा कि जेटली ने अपने लंबे राजनीतिक कॅरियर में कई मंत्रालयों की जिम्मेदारी संभाली. उन्होंने अपनी जिम्मेदारियां निभाते हुए भारत के आर्थिक विकास, हमारी रक्षा क्षमता को मजबूत करने, लोगों के अनुकूल कानून बनाने और अन्य देशों के साथ कारोबार बढ़ाने में योगदान किया. मोदी ने बीजेपी में उनके योगदान को भी याद किया.

उन्होंने कहा, 'बीजेपी और अरुण जेटली जी में अटूट रिश्ता था. एक जोशीले छात्र नेता के तौर पर आपातकाल के दौरान वह लोकतंत्र की सुरक्षा में अग्रणी रहे. वह हमारी पार्टी के सबसे पसंदीदा चेहरा रहे, जो समाज के व्यापक हिस्सों के समक्ष पार्टी कार्यक्रमों और विचारधारा को आसान शब्दों में पेश करते थे.

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भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के दिग्गज नेता और प्रसिद्ध वकील अरुण जेटली का जन्म 28 दिसम्बर 1952 नई दिल्ली में हुआ था. वकील महाराज किशन जेटली और रतन प्रभा जेटली के पुत्र अरुण जेटली ने अपनी स्कूली शिक्षा दिल्ली के सेंट जेवियर्स स्कूल में 1957 से 1969 के दौरान ली. उन्होंने सन 1973 में दिल्ली के श्रीराम कॉलेज ऑफ कॉमर्स से बीकॉम किया. इसके बाद उन्होंने सन 1977 में दिल्ली विश्‍वविद्यालय से लॉ की डिग्री हासिल की. वे सन 1974 में दिल्ली विश्वविद्यालय के छात्र संगठन के अध्यक्ष भी रहे. अरुण जेटली ने 24 मई 1982 को संगीता जेटली से विवाह किया. उनके दो बच्चे पुत्र रोहन और पुत्री सोनाली हैं. अरुण जेटली वेजेटेरियन थे और पंजाबी ब्राह्मण थे. उन्हें अध्ययन करने और लिखने का शौक था. उन्होंने कानून की कई पुस्तकें लिखीं.

इनपुट- भाषा से



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