अगर छोड़ देंगे शराब तो सुधर जाएगी मेंटल हेल्‍थ, महिलाओं को होगा ज्‍यादा फायदा

एक स्‍टडी में पाया गया है कि जिन पुरुष और महिलाओं ने जीवनभर शराब से दूरी बनाए रखी, उनका मानसिक स्वास्थ्य बेहतर रहा.

अगर छोड़ देंगे शराब तो सुधर जाएगी मेंटल हेल्‍थ, महिलाओं को होगा ज्‍यादा फायदा

एक स्‍टडी से पता चला है क‍ि शराब छोड़ने से मेंटल हेल्‍थ बेहतर हो जाती है

खास बातें

  • कम शराब पीने से भी शरीर को नुकसान होता है
  • एक स्‍टडी के मुताबिक शराब छोड़ने से मेंटल सेहत बेहतर हो जाती है
  • महिलाओं पर इसका असर ज्‍यादा होता है
नई दिल्‍ली:

अगर आपको लगता है कि कम मात्रा में शराब पीने से आपको ज्यादा नुकसान नहीं होगा, तो आपको फिर से सोचने की जरूरत है. शोधकर्ताओं ने पाया है कि शराब छोड़ने से पूरी तरह से मानसिक स्वास्थ्य में सुधार हो सकता है. खासकर महिलाओं के लिए यह अधिक कारगर है. शराब का औसत सेवन पुरुषों के लिए हफ्ते में 14 पैग जबकि महिलाओं के लिए हफ्ते में 7 पैग निर्धारित किया गया है.

यह भी पढ़ें: इजराइल की शराब कंपनी ने बोतलों पर छापी 'बापू' की तस्वीर, अब मांगनी पड़ी मांफी

स्‍टडी में पाया गया है कि जिन पुरुष और महिलाओं ने जीवनभर शराब से दूरी बनाए रखी, उनका मानसिक स्वास्थ्य बेहतर रहा.

सीएमएजे पत्रिका में प्रकाशित खबर के अनुसार, जो महिलाएं औसत शराब पीती थी या शराब पीना छोड़ देती थी, उनमें मानसिक तौर पर सकारात्मक बदलाव देखने को मिले.

फिलहाल यह स्‍टडी चीन और अमेरिका के नागरिकों पर हुई है. विशेषज्ञों का कहना है कि यह रिसर्च भारतीय नागरिकों पर भी की जा सकती है.

यह भी पढ़ें: वाराणसी में मंदिरों से 250 मीटर दूरी तक शराब और मांस BAN

गुरुग्राम के नारायणा सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के परामर्श चिकित्सक गैस्ट्रोएंट्रोलॉजी नवीन कुमार के मुताबिक, "एक महीने के लिए भी शराब छोड़ना पेट और शरीर की रस प्रक्रिया (मेटाबॉलिक) सिस्टम को दुरुस्त करने में मदद हो सकता है और इसके लक्षणों को खत्म कर सकता है. उन्होंने कहा कि यह लंबे समय के लिए स्वास्थ्य लाभ को भी बढ़ावा देता है.

Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com

नवीन ने बताया, "एक स्वस्थ मस्तिष्क और जिगर के लिए शराब से परहेज अनिवार्य है. एक मजबूत प्रतिरक्षा प्रणाली और दिल के लिए भी शराब से दूरी बनानी जरूरी है. खासकर महिलाओं पर शराब का प्रभाव अधिक हानिकारक है."

नोएडा के जेपी अस्पताल में वरिष्ठ परामर्श चिकित्सक मृणमय कुमार दास ने बताया, "शराब हमारे केंद्रीय तंत्रिका तंत्र के लिए हानिकारक है और हमारी मनोदशा में उतार-चढ़ाव ला सकती है. शराब हमारे मस्तिष्क में सेरोटोनिन के स्तर को कम करती है. इसके नियमित सेवन से मस्तिष्क का रसायन विज्ञान बदल जाता है जिससे मस्तिष्क स्वास्थ्य में गिरावट आती है."