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रयान स्कूल में बच्चे की हत्या : रयान परिवार की अग्रिम जमानत याचिका खारिज, लेकिन मिली राहत

बॉम्बे हाई कोर्ट में पिंटो परिवार की तरफ से पैरवी करने वाले वरिष्ठ वकील नितिन प्रधान का कहना है हमने कुछ खोया तो कुछ पाया भी.

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रयान स्कूल में बच्चे की हत्या : रयान परिवार की अग्रिम जमानत याचिका खारिज, लेकिन मिली राहत
मुंबई: गुरुग्राम के रयान इंटरनेशनल स्कूल में मासूम बालक प्रद्युम्न की हत्या के आरोप में घिरे सीईओ रयान पिंटो, संस्थापक चेयरमैन ऑगस्टिन पिंटो और ग्रेस पिंटो की ट्रांजिट अग्रिम जमानत बॉम्बे हाई कोर्ट के जज ए एस गडकरी ने खारिज कर दी. इसे पिंटो परिवार के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है लेकिन असल मे देखें तो पिंटो परिवार की जीत ही हुई है क्योंकि उनकी मांग ही चंडीगढ़ हाई कोर्ट में अपील करने के लिये समय देने की थी, जो उन्हें मिल गई. बॉम्बे हाई कोर्ट ने भले ही उनकी ट्रांजिट अग्रिम जमानत अर्जी खारिज कर दी लेकिन शुक्रवार शाम 5 बजे तक तीनों की गिरफ्तारी पर रोक लागकर उन्हें बड़ी राहत भी दी है. हालांकि परिवार के तीनों सदस्यों के पासपोर्ट जमा करने का आदेश भी दिया है. अदालत में जज ए एस गडकरी ने साफ शब्दों में कहा कि आवेदक देश छोड़कर भाग सकते हैं इसलिए गुरुवार रात 9 बजे तक मुंबई पुलिस आयुक्तालय में पासपोर्ट जमा करा दें वर्ना एक दिन की राहत खत्म भी खत्म कर दी जाएगी.

बॉम्बे हाई कोर्ट में पिंटो परिवार की तरफ से पैरवी करने वाले वरिष्ठ वकील नितिन प्रधान का कहना है हमने कुछ खोया तो कुछ पाया भी. चण्डीगढ़ में हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाने के लिए हमें गिरफ्तारी पर रोक चाहिए थी वो मिल गई. शुक्रवार को वरिष्ठ वकील मुकुल रोहतगी रायन परिवार की तरफ से अपील करेंगे.

इसके पहले अदालत में सुनवाई के दैरान प्रद्युम्न के पिता की तरफ से दिल्ली से आये वकील सुशील टेकरीवाल ने पिंटो परिवार की ट्रांजिट अग्रिम जमानत अर्जी का विरोध किया. उन्होंने शक जताया कि मुंबई में बैठकर भी रयान परिवार सबूतों के साथ छेड़छाड़ कर सकता है.

महाराष्ट्र सरकार की तरफ से सरकारी वकील अरुणा पई ने भी ट्रांजिट अग्रिम जमानत अर्जी का ये कहकर विरोध किया कि वारदात हरियाणा में दर्ज है लेकिन हरियाणा सरकार को सूचित ही नहीं किया गया है. इसपर बचाव पक्ष ने बीच मे टोका- आप ने परसों कहा था कि आप दोनों राज्यों की पैरवी कर रही हैं. सरकारी वकील ने इस बात से इनकार किया. मामले में एक और हस्तक्षेप याचिका दायर करने वाले वकील गुणरत्न सदावर्ते ने भी पिंटो परिवार के वकील पर गलतबयानी का आरोप लगाया.

सरकारी वकील ने नवी मुम्बई में सुनील लोहारिया हत्याकांड के आरोपी सुरेश बिजलानी की अग्रिम जमानत का हवाला देते हुए कहा कि साल 2013 में इंदौर हाई कोर्ट ने बिजलानी को अग्रिम जमानत दे दी थी जबकि मामला महाराष्ट्र का था. लेकिन महाराष्ट्र सरकार को उस मामले में ना तो सूचित किया गया और ये भी जानकारी भी छुपाई गई थी कि बॉम्बे हाई कोर्ट उसकी अग्रिम जमानत अर्जी पहले ही खारिज कर चुका था.

सरकारी वकील ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट ने इंदौर हाई कोर्ट के उस फैसले को न केवल पलट दिया बल्कि जज से सफाई भी मांगी थी. सरकारी वकील ने एक और पुराने आदेश का हवाला देते हुए कहा कि ट्रांजिट अग्रिम जमानत या जमानत देने का अधिकार उस राज्य की हाई कोर्ट को है जहां अपराध हुआ है, किसी और राज्य की हाई कोर्ट को नहीं.

पिंटो परिवार के वकील नितिन प्रधान ने दोनों ही मामलों की अलग परिस्थिति होने का तर्क दिया, साथ ही ये भी कहा कि हमने कोई भी बात अदालत से छुपाई नहीं है. ट्रांजिट अग्रिम जमानत की अर्जी के पक्ष में 10 सितंबर की मीडिया रिपोर्ट्स के आधार पर बचाव पक्ष ने हरियाणा के शिक्षा मंत्री के बयान का हवाला दिया कि मामले में स्कूल मालिक के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी.

स्कूल अभिभावकों ने स्कूल के बाहर हंगामा किया, दंगा फसाद किया. स्थानीय बार एसोसिएशन ने बचाव पक्ष के वकील को कोर्ट ने जाने नहीं दिया. प्रस्ताव पास कर किसी भी वकील को लड़ने नही देने की बात कही है. इसलिए मामले में एक आरोपी ने सुप्रीम कोर्ट में अर्जी देकर मामले की सुनवाई हरियाणा से बाहर करने की मांग की है. ऐसे में निष्पक्ष जांच और न्याय कैसे हो सकता है?

लेकिन अदालत ने उनकी सारी दलीलों को दरकिनार करते हुए ट्रांजिट अग्रिम जमानत अर्जी खरिज कर दी. हालांकि बचाव पक्ष के निवेदन पर तीनों की गिरफ्तारी पर एक दिन की रोक लगाकर बड़ी राहत दे दी.

इस बीच पिंटो परिवार के वकील नितिन प्रधान ने दावा किया कि पिंटो परिवार जांच में सहयोग कर रहा है और करता रहेगा. लेकिन मीडिया उन्हें विलेन बना रही है जैसे कि उन्होंने ही क़त्ल किया हो जबकि आरोपी कंडक्टर पकड़ा जा चुका है. उन्होंने हरियाणा पुलिस की जांच पर भी सवाल उठाते हुए कहा वारदात एक स्कूल में हुई है लेकिन पुलिस ग्रुप के दुसरे स्कूलों की जानकारी मांग रही है. सभी स्कूलों के डोनेशन की जानकारी मांग रही है.

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