NDTV Khabar

अगले युद्ध में स्वदेशी हथियारों से लड़ने की तैयारी का वक्त आ गया है : जनरल बिपिन रावत

गौरतलब है कि केंद्र मोदी सरकार आने के बाद से हथियारों के निर्माण को लेकर कई कदम उठाए गए हैं. कई कंपनियों से इस बात के समझौते किए गए हैं कि वह अपने उत्पादों का निर्माण भारत में ही करेंगी.

 Share
ईमेल करें
टिप्पणियां
अगले युद्ध में स्वदेशी हथियारों से लड़ने की तैयारी का वक्त आ गया है : जनरल बिपिन रावत

थल सेनाध्यक्ष बिपिन रावत ( फाइल फोटो )

खास बातें

  1. दिल्ली में आयोजित सेमिनार में कही बात
  2. जनरल रावत ने कहा- स्वदेशी हथियारों का वक्त आ गया है
  3. हथियारों के आयात को कम करने की कोशिश
नई दिल्ली:

भारतीय थल सेनाध्यक्ष जनरल बिपिन रावत ने कहा है कि हम धीरे-धीरे हथियारों की आयात को कम करने की दिशा की ओर बढ़ रहे हैं. उन्होंने कहा कि अब इस बात को पुख्ता करने का समय आ गया है कि हम अगली लड़ाई अपने देश में बने हथियारों के दम पर लड़ें. जनरल रावत ने यह बात दिल्ली में आयोजित एक सेमिनार में कही है. गौरतलब है कि केंद्र मोदी सरकार आने के बाद से हथियारों के निर्माण को लेकर कई कदम उठाए गए हैं. कई कंपनियों से इस बात के समझौते किए गए हैं कि वह अपने उत्पादों का निर्माण भारत में ही करेंगी. सरकार ने हथियारों को देश में ही विकसित करने को काम को अपनी महत्वाकांक्षी योजना 'मेक इन इंडिया' से भी जोड़ा है. हाल ही में देश की ऑर्डिनेंस फैक्टिरियों के ऑर्डर को भी मंजूरी दी गई है. 

कश्मीर में सेना प्रमुख बोले- कुरान में अमन के पैगाम की बात खूबसूरत ढंग से की गई है


जम्मू-कश्मीर के युवाओं पर सेना प्रमुख ने सेमिनार ने कहा कि हम उनको मुख्यधारा में लाने की कोशिश कर रहे हैं. इसके साथ ही उन्होंने ये भी कहा कि चिंता वाली बात नहीं है. आतंकवादी पहले भी हथियारों के साथ फोटो सोशल मीडिया में डालकर प्रोपेगेंडा करते रहे हैं. बुरहान वानी भी अपने दस बारह गुर्गों के साथ मिलकर एक वीडियो शेयर किया था. ये कोई नई बात नहीं है. उन्होंने कहा कि हम अपनी काउंटर इंसरजेंसी ऑपरेशन जारी रखेंगे. हमारी कोशिश है कि जहां भी इलेक्शन होने हैं उनको सही तरीके से कराया जाए. 

टिप्पणियां

वीडियो : जमीन में गाड़ देने की बात कह चुके हैं सेना प्रमुख

अरुणाचल प्रदेश को लेकर चीन के साथ हुए हाल ही में हुई घटना पर जनरल रावत ने कहा कि तुटिंग विवाद सुलझा लिया गया है. दो दिन पहले ही दोनों देशों के बीच फ्लैग मीटिंग हुई थी. डोकलाम इलाके में भी चीन के सैनिकों की तादाद में भारी कमी हुई है.

 



Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर लाइक और ट्विटर पर फॉलो करें.


 Share
(यह भी पढ़ें)... जबलपुर में CAA के समर्थकों और विरोधियों के बीच टकराव, तनाव के हालात; देखें VIDEO

Advertisement