NDTV Khabar

हाथोंहाथ और डाक से अज्ञात लोगों तक कथित रूप से EVM भेजने जाने का मामला, कोर्ट ने आयोग और सरकार को दी नोटिस

भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड(बीईएल) की ओर से कथित तौर पर अज्ञात लोगों को ईवीएम(EVM) की सप्लाई के मामले में बॉम्बे हाई कोर्ट ने चुनाव आयोग और महाराष्ट्र सरकार को नोटिस दी है.

 Share
ईमेल करें
टिप्पणियां
हाथोंहाथ और डाक से अज्ञात लोगों तक कथित रूप से EVM भेजने जाने का मामला, कोर्ट ने आयोग और सरकार को दी नोटिस

ईवीएम की फाइल फोटो.

खास बातें

  1. अज्ञात लोगों को ईवीएम सप्लाई करने का आरोप
  2. बॉम्बे हाई कोर्ट ने सरकार और चुनाव आयोग को दी नोटिस
  3. आरटीआई कार्यकर्ता ने दाखिल की है जनहित याचिका
नई दिल्ली:

इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) को लेकर दाखिल एक जनहित याचिका पर बॉम्बे हाई कोर्ट ने भारतीय निर्वाचन आयोग, महाराष्ट्र राज्य निर्वाचन आयोग और ईवीएम बनाने वाले सार्वजनिक क्षेत्र के दो उपक्रमों व अन्य को नोटिस जारी किया है.अदालत में यह जनहित याचिका एक आरटीआई (सूचना का अधिकार) कार्यकर्ता द्वारा दाखिल की गई है.आरटीआई कार्यकर्ता मनोरंजन एस. रॉय द्वारा दाखिल जनहित याचिका पर बुधवार को न्यायमूर्ति एस. एस. केमकर और न्यायमूर्ति एस. वी. कोटवल ने निर्वाचन आयोग के अलावा, केंद्रीय गृह मंत्रालय, सूचना प्रौद्योगिकी विभाग और महाराष्ट्र सरकार को भी नोटिस भेजा है. अदालत ने ईवीएम विनिर्माता कंपनी इलेक्ट्रॉनिक्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड और भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (बीईएल) को भी नोटिस भेजा गया है.

बैलेट पेपर से चुनाव का 70 फीसदी पार्टियों ने किया समर्थन, अलग-थलग पड़ी BJP : कांग्रेस


रॉय के वकील पी. पवार के अनुसार, मामले की अगली सुनवाई दो सप्ताह बाद हो सकती है.याचिकाकर्ता ने निर्वाचन आयोग और विभिन्न राज्यों के निर्वाचन आयोगों द्वारा दिए गए ईवीएम और वोटर वेरीफायड पेपर ऑडिट ट्रेल (वीवीपैट) के ऑर्डर और दोनों कंपनियों द्वारा की गई आपूर्ति के आंकड़ों में भारी गड़बड़ी को उजागर किया है.

रॉय द्वारा हाल ही में सूचना का अधिकार के तहत मांगी गई जानकारी में यह प्रकाश में आया है कि बेंगलुरु स्थित बीईएल ने भारी तादाद में ईवीएम हाथोंहाथ डिलीवरी और डाक के माध्यम से अज्ञात लोगों को भेजा है.आरटीआई के जरिए मांगी गई जानकारी के बदले राय को जो जवाब मिला है उसके अनुसार बीईएल ने मशीनों की 820 मतदान इकाइयां (बीयू) भेजी थीं. इसके अलावा अप्रैल 2017 में दो बार इसने 245 वीवीपैट कुछ प्राप्तकर्ताओं को सौंपा.
 
पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त ने दिल्ली विश्वविद्यालय को EVM मशीन देने से मना किया था

रॉय ने आईएएनएस से बातचीत में कहा कि बीईएल ने यह नहीं बताया कि दोनों अवसरों पर इसने बीयू किसको भेजा या कहां से वीवीपैट भेजा गया और क्या प्राप्तकर्ता ने उसे सुरक्षित प्राप्त किया.रॉय ने कहा कि 820 बीयू की पूरी खेप डाक के माध्यम से भेजा गया और कुल प्रेषित माल के लिए सिर्फ नौ नाम पत्र की संख्या दर्ज की गई. प्रेषित माल 50 बीयू के दो बक्से और 60, 70, 80, 90, 100, 110 और 210 बीयू के एक-एक बक्से में भेजे गए.रॉय ने कहा, "यह भ्रामक सूचना है क्योंकि हरेक बक्से का एक विशेष आकार होता है जो बीयू की माप पर निर्भर करता है। बीईएल के जवाब से जाहिर होता है कि पूरा प्रेषित माल नौ बक्से में भेजा गया, जबकि भारतीय डाक न तो इतना बड़ा पार्सल स्वीकार करता है और न ही इसके संचालन के लिए सक्षम है."

वीडियो-फ़ुल प्रूफ है ईवीएम और वीवीपैट : ओपी रावत 

टिप्पणियां


 

(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)



NDTV.in पर हरियाणा (Haryana) एवं महाराष्ट्र (Maharashtra) विधानसभा के चुनाव परिणाम (Assembly Elections Results). इलेक्‍शन रिजल्‍ट्स (Elections Results) से जुड़ी ताज़ातरीन ख़बरेंं (Election News in Hindi), LIVE TV कवरेज, वीडियो, फोटो गैलरी तथा अन्य हिन्दी अपडेट (Hindi News) हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर लाइक और ट्विटर पर फॉलो करें.


Advertisement